द जोहार टाइम्स
रांची। श्री सनातन महापंचायत ने हजारीबाग में हुए पत्थरकांड को लेकर दोषियों की अविलंब गिरफ्तारी की मांग की है। महापंचायत के प्रतिनिधिमंडल ने माननीय राज्यपाल श्री संतोष गंगवार से मुलाकात कर हिंदू समाज के पर्व-त्योहारों पर हो रही हिंसा के विरोध में एक ज्ञापन सौंपा।
महापंचायत के मुख्य संयोजक ललित नारायण ओझा ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार तुष्टिकरण की राजनीति कर रही है और हजारीबाग के दोषियों पर तत्काल कार्रवाई करने में असफल रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो रामनवमी महोत्सव प्रभावित हो सकता है।
हिंदू समाज असुरक्षित – संयोजक संजय कुमार जायसवाल
संयोजक संजय कुमार जायसवाल ने कहा कि राज्य सरकार वोट बैंक की राजनीति कर रही है और हिंदुओं के त्योहारों के दौरान लगातार हिंसा हो रही है। उन्होंने कहा कि पूरे झारखंड में हिंदू समाज पर हमले हो रहे हैं, जिसमें पेट्रोल बम और पथराव जैसी घटनाएं शामिल हैं। उन्होंने सरकार से मांग की कि वह ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई करे, ताकि राज्य में शांति बनी रहे।
राज्यपाल को सौंपा गया 5 सूत्री ज्ञापन
महापंचायत के प्रतिनिधिमंडल ने पांच सूत्री मांगों के साथ राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा:
1. हजारीबाग में 25 मार्च 2025 (मंगलवार) की रात मंगलवारी जुलूस पर पथराव और हिंसा हुई, जिससे प्रदेशभर के लोग आक्रोशित हैं।
2. यदि दोषियों पर त्वरित कार्रवाई नहीं हुई, तो पूरे राज्य में रामनवमी महोत्सव प्रभावित होगा।
3. हजारीबाग सहित राज्यभर में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन को जुलूस मार्ग की सुरक्षा अपने हाथ में लेनी चाहिए और R.A.F की बड़ी टुकड़ी तैनात की जाए।
4. हिंदू पर्वों पर लगातार एक समुदाय विशेष द्वारा हिंसा की जा रही है, जिससे राज्य की छवि धूमिल हो रही है। हाल ही में गिरिडीह में होली पर्व के दौरान भी हिंसा हुई थी।
5. हजारीबाग रामनवमी समिति के अध्यक्ष सहित पूरी टीम को महोत्सव के दौरान पूर्ण सुरक्षा प्रदान की जाए।
प्रतिनिधिमंडल में शामिल प्रमुख सदस्य
राज्यपाल को ज्ञापन सौंपने वाले प्रतिनिधिमंडल में मुख्य रूप से ललित नारायण ओझा, संजय कुमार जायसवाल, संजय मिनोचा, अशोक पुरोहित, नकुल तिर्की, सत्यजीत कुमार सिंह, अमिताभ धीरज, नीतू सिंह, अशोक कुमार पांडे और आशीष कुमार शामिल थे।
महापंचायत ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने तुरंत कठोर कदम नहीं उठाए, तो हिंदू समाज बड़े आंदोलन के लिए मजबूर होगा।